हरियाणा में अगस्त का अंतिम सप्ताह बारिश के लिहाज से अहम साबित होने वाला है। मौसम विभाग ने प्रदेश के कई हिस्सों में 31 अगस्त से तीन दिनों तक तेज बारिश की संभावना जताई है। वहीं, आज यानी 28 अगस्त को राज्य के 13 जिलों में बूंदाबांदी होने के आसार हैं। हालांकि, किसी भी जिले के लिए फिलहाल भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी नहीं किया गया है।
मौसम विभाग के अनुसार, इस बार प्रदेश में सामान्य से अधिक बरसात हो चुकी है। आंकड़ों के अनुसार यमुनानगर में सबसे ज्यादा बारिश दर्ज की गई है, जबकि सिरसा में सबसे कम वर्षा हुई है। विभाग का कहना है कि अगले तीन दिनों में मौसम का रुख बदल सकता है और कई जिलों में तेज हवाओं के साथ भारी बारिश देखने को मिल सकती है।
29 अगस्त के लिए मौसम विभाग ने महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, मेवात, पलवल और कुरुक्षेत्र जिलों में यलो अलर्ट जारी किया है। इन इलाकों में तेज बारिश की संभावना है। इसके अलावा पंचकूला, अंबाला और यमुनानगर जैसे जिलों में भी भारी बारिश हो सकती है। वहीं सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, भिवानी, चरखी दादरी, झज्जर, रोहतक, जींद, कैथल, करनाल, पानीपत, सोनीपत, गुरुग्राम और फरीदाबाद में हल्की फुहारें पड़ने की संभावना जताई गई है।
अंबाला, यमुनानगर, मेवात और पलवल में 29 अगस्त को तेज बारिश के आसार हैं, जबकि सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, भिवानी और जींद समेत कई जिलों में केवल बूंदाबांदी हो सकती है। विभाग ने किसानों और आम लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है, ताकि खराब मौसम के चलते किसी तरह की दिक्कतों से बचा जा सके।
31 अगस्त से 2 सितंबर तक बारिश का नया दौर शुरू होने की उम्मीद है। मौसम विभाग ने अनुमान लगाया है कि इन तीन दिनों में पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, करनाल, पानीपत, सोनीपत, झज्जर, रेवाड़ी, गुरुग्राम, फरीदाबाद, महेंद्रगढ़ और पलवल जिलों में तेज वर्षा हो सकती है। वहीं, सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, भिवानी, कैथल और जींद में केवल बूंदाबांदी होने की संभावना है।
प्रदेश में लगातार हो रही बारिश ने जहां तापमान में गिरावट लाकर लोगों को गर्मी से राहत दी है, वहीं किसानों की फसलों को भी फायदा मिल रहा है। धान और बाजरे जैसी खरीफ फसलों के लिए यह बरसात वरदान साबित हो रही है। हालांकि, जिन क्षेत्रों में अधिक वर्षा हो रही है, वहां जलभराव की समस्या भी सामने आ रही है।
मौसम विभाग का कहना है कि आने वाले दिनों में मानसून की सक्रियता बनी रहेगी और सितंबर की शुरुआत भी बारिश के साथ होगी। ऐसे में लोगों को बरसात से जुड़ी सावधानियां बरतनी होंगी।